मुख्यमंत्री राज्य को बनाना चाहते हैं पयर्टन और फिल्मी हब


देहरादून। संवाददाता। भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआइआइ) के साथ संवाद में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि अक्टूबर में आयोजित होने वाले इनवेस्टर समिट में उत्तराखंड का पर्यटन उद्योग केंद्र में रहेगा। सरकार की कोशिश है कि देश-दुनिया में उत्तराखंड की पहचान पर्यटन और फिल्म इंडस्ट्री के रूप में हो। बताया कि सरकार की सतत औद्योगिक विकास नीति के चलते पिछले दो महीने में ही 94 उद्योगपतियों ने ढाई हजार करोड़ रुपये का निवेश किया है।

राजपुर रोड स्थित एक होटल में कंफेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्री (सीआइआइ) के साथ मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने संवाद स्थापित किया। इस दौरान उन्होंने न सिर्फ उद्योगपतियों के सुझाव के साथ उनकी समस्याएं सुनीं, बल्कि उनके निराकरण का आश्वासन भी दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने 10 करोड़ रुपये से कम लागत के लघु उद्योग स्थापित करने के इच्छुक उद्यमियों के लिए भूमि आवंटन का अधिकार जिलाधिकारी को दिया है ताकि उद्यमी को भूमि के लिए निदेशालय के चक्कर न काटने पड़े।

उन्होंने कहा कि सरकार ने उद्योग को पर्यटन का दर्जा दिया ताकि यहां देश-विदेश के उद्यमी आकर्षित हो सकें। इस प्रकार की पहल करने वाला उत्तराखंड देश का दूसरा राज्य है। इस दौरान मुख्यमंत्री ने सीआइआइ के प्रयासों की सराहना की। कहा कि औद्योगिक घरानों का फोकस भी पर्वतीय क्षेत्र में पर्यटन विकास पर होना चाहिए।

प्रमुख सचिव उद्योग मनीषा पंवार ने कहा कि चार और पांच अक्टूबर को आयोजित होने वाले इनवेस्टर मीट के लिए सीआआइ को नेशनल पार्टनर चुना गया है। इस मौके पर सीआइआइ के उपाध्यक्ष मुकेश गोयल, क्षेत्रीय निदेशक अंकुर चैहान आदि मौजूद रहे। अराजक तत्वों से रहे सावधान मुख्यमंत्री ने हाल ही में ऊधमसिंह नगर के औद्योगिक क्षेत्र में माओवादी गतिविधियों में संलिप्त अराजक तत्वों का जिक्र किया। कहा कि कुछ लोग उद्योगों की आड़ में अशांति फैलाने की कोशिश कर रहे हैं।

सीमांत राज्य होने के नाते हमारी कोशिश होनी चाहिए कि अराजकता फैलाने वाले ऐसे तत्वों पर भी पैनी नजर हो। अपनी ओर से सुरक्षा के भी लगातार प्रयास होने चाहिए। कम समय में छह फिल्मों की शूटिंग मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य पर्यटन के साथ-साथ प्रदेश में फिल्म इंडस्ट्री का विकास भी है। उत्तराखंड प्राकृतिक सुंदरता का गुप्त खजाना है, जिसे उभारने की जरूरत है। कहा कि पहले फिल्मों की शूटिंग के लिए उत्तराखंड में प्रतिदिन के हिसाब से 10 हजार रुपये फीस ली जाती थी, जिसे उनकी सरकार ने माफ कर दिया।

इसके सार्थक परिणाम सामने आ रहे हैं। बीते कुछ ही दिनों में यहां छह फिल्मों की शूटिंग हो चुकी है। बुधवार को दक्षिण भारत के प्रसिद्ध अभिनेता महेश बाबू ने उनसे मुलाकात की। जल्द ही दक्षिण की फिल्म की शूटिंग भी उत्तराखंड में होगी। सीआइआइ ने रखी ये डिमांड सीआइआइ उत्तराखंड चैप्टर के अध्यक्ष विजय धस्माना ने मुख्यमंत्री के समक्ष उद्योगपतियों की समस्याएं रखीं और आशा जताई कि सरकार उनका समाधान करेगी। सीआइआइ के अध्यक्ष विजय धस्माना ने कहा कि सीआइआइ के प्रतिनिधिमंडल ने हाल ही में थाइलैंड और दुबई का दौरा किया। इस दौरान थाइलैंड के उद्योगपति उत्तराखंड में पर्यटन उद्योग एवं दुबई के उद्यमी यहां चिकित्सा सुविधा से संबंधित उद्योग स्थापित करने के इच्छुक दिखे।

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