देहरादून– मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को सचिवालय में नागरिक उड्डयन विभाग की निर्माणाधीन परियोजनाओं और गेमचेंजर योजनाओं की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस दौरान उन्होंने निर्देश दिए कि राज्य में हवाई सेवाओं के नेटवर्क को विस्तार देने के साथ-साथ सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के दूरस्थ और पर्वतीय क्षेत्रों में यातायात को आसान बनाने के लिए हवाई सेवाएं अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने चारधाम यात्रियों की सुविधा हेतु नियमित चार्टर सेवा प्रारंभ करने और राज्य में एयरो स्पोर्ट्स को बढ़ावा देने के भी निर्देश दिए।
बैठक में नागरिक उड्डयन सचिव सचिन कुर्वे ने जानकारी दी कि पंतनगर में नया फ्लाइंग ट्रेनिंग स्कूल स्थापित किया जा रहा है, जो प्रशिक्षित पायलटों की बढ़ती मांग को पूरा करेगा। इसके अतिरिक्त, इसरो के सहयोग से डिजिटल मैपिंग की क्षमता विकसित की जा रही है ताकि हवाई यातायात को और अधिक सुरक्षित बनाया जा सके।
प्रमुख योजनाएं और परियोजनाएं:
शटल सेवाएं: देहरादून-जोशीमठ, जोशीमठ-बद्रीनाथ, पिथौरागढ़-धारचूला और पिथौरागढ़-मुनस्यारी के बीच हवाई सेवाएं शुरू करने की तैयारी।
हेलीकॉप्टर सेवा: आदि कैलाश क्षेत्र में गुंजी से सीधी हेलीकॉप्टर सेवा शुरू करने की योजना।
केदारनाथ हेली सेवा: गरुड़चट्टी के पास अतिरिक्त हेलीपैड निर्माण की प्रक्रिया।
एयरपोर्ट विस्तार: पंतनगर एयरपोर्ट का विस्तार कार्य 2027-28 तक और जौलीग्रांट एयरपोर्ट को 2026 तक अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित किया जाएगा।
रीजनल हब: पिथौरागढ़ हवाई पट्टी को रीजनल हब सेंटर के रूप में विकसित किया जा रहा है।
सीमांत क्षेत्रों में विस्तार: भारतीय सेना के सहयोग से सीमांत क्षेत्रों में नए हेलीपैड निर्माण की योजना।
बैठक में अवस्थापना अनुश्रवण परिषद के उपाध्यक्ष विश्वास डाबर, मुख्य सचिव श्री आनंद बर्द्धन, प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, आर. मीनाक्षी सुंदरम, सचिव सचिन कुर्वे, उकाडा के सीईओ आशीष चौहान सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

