देहरादून। हरिद्वार रोड स्थित स्मार्ट सिटी लिमिटेड परियोजना के अंतर्गत निर्माणाधीन ग्रीन बिल्डिंग की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी सविन बंसल ने कड़ा रुख अपनाया है। बुधवार को ऋषिपर्णा सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में डीएम ने संबंधित अधिकारियों और कार्यदायी संस्था को जमकर फटकार लगाते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी स्थिति में परियोजना जून 2026 की समयसीमा से आगे नहीं जानी चाहिए।
जिलाधिकारी ने स्मार्ट सिटी लिमिटेड के अधिकारियों को निर्देश दिए कि आज ही संशोधित पर्ट चार्ट, मटीरियल प्लान और लेबर प्लान प्रस्तुत किया जाए। उन्होंने कहा कि रिवाइज्ड प्लान के अनुसार डबल शिफ्ट में कार्य कराते हुए निर्माण कार्य की गति तेज की जाए। डीएम ने चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समयसीमा में कार्य पूर्ण नहीं हुआ तो जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
बैठक के दौरान डीएम ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, पर्यावरण अनुकूल तकनीक और श्रमिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने निर्माण कार्यों की साप्ताहिक प्रगति रिपोर्ट जिला प्रशासन को उपलब्ध कराने को कहा, ताकि प्रभावी मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जा सके।
श्रमिकों की स्थिति की समीक्षा में कार्यदायी संस्था सीपीडब्लूडी ने बताया कि निर्धारित 175 श्रमिकों के सापेक्ष वर्तमान में केवल 125 श्रमिक कार्यरत हैं। अधिकारियों ने यह भी जानकारी दी कि ग्रीन बिल्डिंग का अब तक लगभग 36 प्रतिशत निर्माण कार्य पूरा हो चुका है, जबकि पिछले एक माह में मात्र 10 प्रतिशत प्रगति दर्ज की गई है।
इस पर डीएम ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए तत्काल श्रमिकों की संख्या बढ़ाने और डबल शिफ्ट में कार्य कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री और राज्य सरकार की यह महत्वाकांक्षी परियोजना है, जिसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी तीरथ पाल सिंह, स्मार्ट सिटी लिमिटेड के अधिकारी कृष्णा चमोला, चीफ इंजीनियर देवेंद्र प्रकाश, वित्त नियंत्रक सैफाली रानी, मुख्य अभियंता सीपीडब्लूडी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

