देहरादून में अधिवक्ताओं के चेंबर निर्माण को लेकर चल रहा विरोध प्रदर्शन थमने का नाम नहीं ले रहा है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर सोमवार को जिलाधिकारी सविन बंसल और एसएसपी अजय सिंह ने धरनास्थल पर पहुंचकर अधिवक्ताओं से मुलाकात की। जिलाधिकारी ने बार प्रतिनिधियों से एक कमेटी गठित कर सुझाव देने को कहा है और आश्वासन दिया कि प्रशासन इन सुझावों को शीघ्रता से सरकार तक पहुंचाएगा।
हड़ताल जारी रखने का निर्णय
अधिवक्ताओं ने प्रशासन से मिले आश्वासन के बावजूद हड़ताल जारी रखने का निर्णय लिया है। देहरादून बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मनमोहन कंडवाल ने बताया कि रविवार को अधिवक्ताओं के प्रतिनिधिमंडल की मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात हुई थी, जिसके बाद मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी को उनकी मांगें सुनने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद अधिवक्ताओं ने मंगलवार को पूरे दिन कचहरी की सभी गतिविधियां बंद रखने का निर्णय लिया है।
प्रशासन ने दिए भरोसे
जिलाधिकारी सविन बंसल ने कहा कि फिलहाल पुराने चेंबर से किसी अधिवक्ता को विस्थापित नहीं किया जाएगा। चेंबर निर्माण में सरकार सहयोग करेगी। अतिरिक्त भूमि आवंटन समयबद्ध प्रक्रिया के तहत किया जाएगा। अधिवक्ताओं से निर्माण, सुविधाओं और स्थान से संबंधित सुझाव मांगे गए हैं।
इस दौरान जिलाधिकारी ने चेंबर निर्माण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए अधिवक्ताओं से एक औपचारिक सुझाव समिति बनाने को कहा है।
संघर्ष समिति का गठन
बार एसोसिएशन ने निर्णय लिया है कि अब अधिवक्ता एक संघर्ष समिति का गठन करेंगे ताकि उनकी मांगों के लिए संघर्ष को संगठित तरीके से आगे बढ़ाया जा सके। मंगलवार को अधिवक्ताओं का एक प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी से पुनः मुलाकात करेगा, जिसके बाद अगला निर्णय लिया जाएगा। तब तक हड़ताल जारी रहेगी।
मंगलवार को पूरे दिन बंद रहेंगे सभी काम
अध्यक्ष मनमोहन कंडवाल ने बताया कि मंगलवार को पूरे दिन स्टांप बिक्री , रजिस्ट्री प्रक्रिया ,कचहरी की सभी सेवाएं पूरी तरह बंद रहेंगी। अधिवक्ता पिछले कई दिनों से रोजाना हड़ताल की अवधि आधा घंटा बढ़ा रहे हैं। सोमवार को हड़ताल साढ़े तीन बजे तक चली।

