देहरादून। भारतीय जनता पार्टी ने अपने रजत जयंती वर्ष को भव्य रूप से मनाने की तैयारियाँ शुरू कर दी हैं। पार्टी ने एक से 11 नवंबर तक चलने वाले विशेष अभियान के तहत प्रदेश से लेकर जिला स्तर तक समन्वयकों की नियुक्ति कर दी है। इस अवधि में विभिन्न विषयक कार्यक्रमों की जिम्मेदारी पार्टी पदाधिकारियों एवं दायित्वधारियों को सौंपी गई है।
प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने प्रदेश स्तर पर समन्वय की जिम्मेदारी प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार, प्रदेश उपाध्यक्ष आशा नौटियाल एवं प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान को दी है।
मुख्य कार्यक्रमों का विवरण
- 1 नवंबर: मुख्यमंत्री आवास पर होने वाले मुख्य इगास कार्यक्रम एवं सांस्कृतिक आयोजनों का संयोजन मधु भट्ट करेंगी।
- 2 नवंबर: आदि कैलास (जालीकांग), पिथौरागढ़ में होने वाली अल्ट्रा मैराथन के संयोजक गणेश भंडारी होंगे।
- 4 नवंबर: काशीपुर (उधमसिंह नगर) में नगर निकाय अध्यक्ष एवं महापौर सम्मेलन का दायित्व भाजपा महामंत्री दीप्ति रावत को सौंपा गया है।
- 5 नवंबर: दून विश्वविद्यालय में प्रवासी उत्तराखंडी सम्मेलन का संयोजन पूरणचंद नैनवाल करेंगे, वहीं हरिद्वार में हॉकी एवं पारंपरिक खेल प्रतियोगिता का दायित्व हेमराज बिष्ट को दिया गया है।
- 6 नवंबर: हरिद्वार में संत सम्मेलन का संयोजन प्रदेश उपाध्यक्ष स्वामी यतीश्वरानंद करेंगे। देहरादून (आईटीआई निरंजनपुर) में रोजगार मेला श्याम अग्रवाल के जिम्मे रहेगा, जबकि परेड ग्राउंड देहरादून में युवा महोत्सव का संयोजन युवा मोर्चा अध्यक्ष विपुल मेंदोली करेंगे। इसी दिन हल्द्वानी में पूर्व सैनिक सम्मेलन कर्नल अजय कोठियाल और कर्नल रघुवीर सिंह भंडारी के नेतृत्व में होगा।
- 7 नवंबर: पंतनगर में कृषक सम्मेलन का संयोजन किसान मोर्चा प्रदेशाध्यक्ष महेंद्र सिंह नेगी करेंगे।
- 8 नवंबर: राज्य आंदोलनकारी सम्मान समारोह का दायित्व रमेश गड़िया और सुभाष बड़थ्वाल को दिया गया है।
- 9 नवंबर: एफआरआई, देहरादून में स्थापना दिवस के मुख्य कार्यक्रम के संयोजक अनिल गोयल रहेंगे।
- 11 नवंबर: सैन्य धाम लोकार्पण एवं पूर्व सैनिक संवाद का संयोजन कर्नल अजय कोठियाल और कर्नल रघुवीर सिंह भंडारी करेंगे।
जिला समन्वयक भी नियुक्त
पार्टी ने जिलों में भी समन्वयकों की नियुक्ति की है। इनमें उत्तरकाशी के लिए नागेंद्र चौहान, चमोली के लिए गजपाल बड़थ्वाल, रुद्रप्रयाग के लिए भारत भूषण भट्ट, और टिहरी के लिए उदय सिंह रावत सहित सभी जिलों में जिम्मेदार कार्यकर्ताओं को दायित्व सौंपा गया है।
भाजपा नेतृत्व का कहना है कि रजत जयंती वर्ष के कार्यक्रमों के माध्यम से पार्टी अपने संगठनात्मक विस्तार और जनसंपर्क को और मजबूत बनाएगी।

