वन्यजीव प्रेमियों का इंतजार खत्म हो गया है। राजाजी टाइगर रिजर्व के सभी पर्यटन गेट आज विधिवत पूजा-अर्चना के साथ खोल दिए गए। मोतीचूर, चीला, रानीपुर और मोहंड रेंज जो अपने समृद्ध वन्यजीवों और प्राकृतिक सौंदर्य के लिए मशहूर हैं, अब पर्यटकों का स्वागत करने को तैयार हैं।
मोतीचूर रेंज में पूजा के साथ हुई शुरुआत
मोतीचूर रेंज में आज औपचारिक पूजा-अर्चना की गई। रेंज अधिकारी महेश सेमवाल और वार्डन सरिता भट्ट ने रिबन काटकर पर्यटन सीजन का शुभारंभ किया। इस बार पर्यटकों की सुविधा के लिए नया रिसेप्शन सेंटर भी बनाया गया है, साथ ही सुरक्षा के लिए भी बेहतर इंतज़ाम किए गए हैं।
चीला रेंज में भी खुला पर्यटन मार्ग
चीला रेंज में वार्डन चित्रांजलि नेगी, रेंज अधिकारी बीडी तिवारी और राजेश जोशी ने पर्यटन मार्ग को पर्यटकों के लिए खोल दिया। पार्क प्रबंधन की ओर से सभी रेंजों में पर्यटकों के लिए आवश्यक तैयारियाँ पूरी कर ली गई हैं।
प्रवेश शुल्क में नहीं हुआ बदलाव
पार्क प्रशासन ने इस सीजन में किसी भी शुल्क में बढ़ोतरी नहीं की है।
मोतीचूर रेंज अधिकारी महेश सेमवाल के अनुसार शुल्क इस प्रकार रहेगा—
- भारतीय पर्यटक: 150 रुपये
- विदेशी पर्यटक: 600 रुपये
- भारतीय वाहन: 250 रुपये
- विदेशी वाहन: 500 रुपये
- छात्रों को 50% की छूट
- वन विश्राम भवन शुल्क: 1000 रुपये
- व्यावसायिक कैमरा शुल्क: 500 रुपये
डग्गामार वाहनों पर पूर्ण प्रतिबंध
पर्यटकों की सुरक्षा और वन्यजीव संरक्षण को ध्यान में रखते हुए मोतीचूर रेंज में डग्गामार (अनधिकृत) वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। केवल रजिस्टर्ड वाहनों और टैक्सी नंबर वाहनों को ही जंगल सफारी की अनुमति दी जाएगी।
राजाजी टाइगर रिजर्व के खुलते ही वन्यजीव प्रेमियों और प्रकृति के दीदार की चाह रखने वाले पर्यटकों में उत्साह का माहौल है। नए सीजन से पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

