Saturday, March 7, 2026
Homeखास खबरनदी तटों की स्वछता के साथ हरित गलियारा भी जरुरी-स्वामी चिदानंद

नदी तटों की स्वछता के साथ हरित गलियारा भी जरुरी-स्वामी चिदानंद

स्वामी चिदानंद मुनि ने दिल्ली में पर्यावरण मंत्री डॉ.हर्षवर्धन से मुलाकात कर कि नदी तटों को स्वच्छ रखने के साथ ही हरित गलियारा विकसित करने की भी जरूरत है. 

ऋषिकेश (संवाददाता) : परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद मुनि ने दिल्ली में पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ.हर्षवर्धन से मुलाकात की। चर्चा के दौरान नदी तटों को स्वच्छ रखने के साथ ही हरित गलियारा विकसित करने की जरूरत भी जताई गई।

परमार्थ निकेतन के अनुसार स्वामी चिंदानंद ने कहा कि नदी तटों पर हरित गलियारा बनाने से जलीय जीवन भी प्रदूषण से प्रभावित नहीं होगा। आगामी कुछ वर्षों तक हमें पौधरोपण पर अधिक ध्यान देना होगा।  उन्होंने कहा कि पृथ्वी से कम होता नीर और ऑक्सीजन भविष्य के लिए भयावह है।

अगर पर्यावरण सुरक्षित है तभी तक मानव का जीवन सम्भव है अत: पर्यावरण की रक्षा के लिए वनों का, पहाड़ों का प्रदूषण रहित होना नितांत आवश्यक है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री को आश्रम द्वारा चलाए जा रहे कार्यक्रमों, अभियानों से भी अवगत कराया। केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन ने आश्रम परिवार के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम हर स्तर पर चलने चाहिए। स्वामी चिदानंद सरस्वती डॉ. हर्षवर्धन को रुद्राक्ष का पौधा भी भेंट किया।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
video
play-sharp-fill

Most Popular

Recent Comments