Saturday, March 7, 2026
Homeखास खबरजीपीआरएस से लैस एप बताएगा शिक्षक की लोकेशन; शिक्षा विभाग ने स्कूल बंक...

जीपीआरएस से लैस एप बताएगा शिक्षक की लोकेशन; शिक्षा विभाग ने स्कूल बंक करने वालों पर कसा शिकंजा

देहरादून (संवाददाता) :  स्कूलों से गैरहाजिर रहने वाले शिक्षकों पर सरकार मोबाइल का शिकंजा कसने जा रही है। शिक्षा विभाग ने रियल टाइम अटेंडेंस (आरटीए) के लिए खास मोबाइल एप विकसित किया है। हर शिक्षक स्कूल में आते ही अपने मोबाइल से एप पर सेल्फी खींचेगा और जब स्कूल से वापस लौटेगा तो भी सेल्फी खींचनी होगी। एप इस फोटो को खुद ही मुख्य सर्वर पर पहुंचा देगा। शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे ने इस नई व्यवस्था की पुष्टि की। उन्होंने कहा कि वर्तमान में चल रहे उज्ज्वल एप से इसे जोड़ा गया है। जल्द ही इसे लागू कर दिया जाएगा।

उन्होंने बताया कि इस व्यवस्था से विभाग में पारदर्शिता आएगी। बायोमीट्रिक मशीनों का खर्च भी बचेगा। इससे स्कूलों से गायब रहने वाले शिक्षकों पर अंकुश लगेगा। शिक्षकों की लोकेशन की जानकारी होने से आपदा प्रभावित क्षेत्रों में उनकी लोकेशन भी अपडेट रहेगी। उज्ज्वल एप-प्रभारी उप शिक्षा अधिकारी ब्रजपाल सिंह राठौर ने बताया कि यह पूरा सिस्टम जीपीआरएस से लैस है।

शिक्षा विभाग के करीब 70 हजार शिक्षक, कर्मचारी और अफसरों की लॉगिन आईडी तैयार कर ली गई है। शिक्षकों को अपने मोबाइल पर इस ऐप को डाउनलोड करना होगा। जैसे ही वह स्कूल पहुंचेगा, उसे अपनी लॉगिन आईडी खोलकर  बटन दबाना होगा। ऐसा करते ही रियल टाइम सेल्फी का फंक्शन खुल जाएगा। फोन से सेल्फी खिंचकर मुख्य सर्वर में पहुंच जाएगी। इस फोटो के साथ शिक्षक की लोकेशन का भी ब्योरा होगा। जीपीआरएस से जुड़ा होने की वजह से एक निश्चित अंतराल पर शिक्षक की लोकेशन की जांच करता रहेगा। राठौर ने बताया कि एप से खींची गई सेल्फी फोन की गैलरी में भी सेव नहीं होगी। वो सीधा मुख्य सर्वर में चली जाएगी।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
video
play-sharp-fill

Most Popular

Recent Comments