Saturday, March 7, 2026
HomeदेहरादूनManthon-2025 महिला विशेष समिट में सीएम धामी बोले—नारीशक्ति राज्य के विकास की...

Manthon-2025 महिला विशेष समिट में सीएम धामी बोले—नारीशक्ति राज्य के विकास की मजबूत आधारशिला

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को मुख्य सेवक सदन, देहरादून में बिजनेस उत्तरायणी संस्था द्वारा आयोजित Manthon-2025: 5th National Leader’s Summit (Women’s Special) कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने स्टार्टअप, आत्मनिर्भरता एवं विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह समिट महिला उद्यमियों को प्रोत्साहित करने और उन्हें आगे बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया है। महिलाओं ने अपनी प्रतिभा, परिश्रम और नवाचार के बल पर न केवल अपने परिवार बल्कि समाज और प्रदेश को भी आगे बढ़ाने का कार्य किया है। आज महिलाएं राज्य की आर्थिक और सामाजिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी “नारी तू नारायणी” के मंत्र के साथ मातृशक्ति के कल्याण और सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में महिलाओं को संसद और विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान, उज्ज्वला योजना, जनधन योजना, लखपति दीदी योजना लागू की गई तथा ट्रिपल तलाक जैसी कुप्रथा को समाप्त किया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि नए भारत की नारीशक्ति आज उद्योग, कला, शिक्षा, विज्ञान, खेल, अनुसंधान और सेना सहित हर क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान बना रही है। प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में उत्तराखंड सरकार भी शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्यमिता और स्वरोजगार जैसे क्षेत्रों में महिलाओं की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित कर रही है।

उन्होंने बताया कि उत्तराखंड राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन, सशक्त बहना उत्सव योजना और मुख्यमंत्री महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तिकरण योजना के माध्यम से महिलाओं को नए अवसर प्रदान किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के अंतर्गत महिला समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों को ब्रांड के रूप में विकसित किया गया है। 15 हजार से अधिक महिला उद्यमियों, स्वयं सहायता समूहों और लखपति दीदियों को इन्क्यूबेशन सुविधा भी दी जा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में हाउस ऑफ हिमालयाज नाम से एक अम्ब्रेला ब्रांड की शुरुआत की गई है, जिसके माध्यम से उच्च गुणवत्ता वाले उत्पादों को ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म और इनहाउस स्टोर्स के जरिए बाजार तक पहुंचाया जा रहा है। वर्तमान में राज्य में लगभग 70 हजार स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी करीब 5 लाख महिलाएं संगठित होकर व्यवसाय कर रही हैं। 1 लाख 68 हजार से अधिक बहनें लखपति दीदी बनकर महिला सशक्तिकरण की दिशा में नया इतिहास रच चुकी हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाएं स्टार्टअप के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर रही हैं। महिला उद्यमियों द्वारा स्थापित स्टार्टअप पारंपरिक कला, कृषि उत्पाद, शिक्षा, डिजिटल और टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में सराहनीय कार्य कर रहे हैं। उत्तराखंड को ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में एचीवर्स और स्टार्टअप रैंकिंग में लीडर्स की श्रेणी प्राप्त हुई है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में महिलाओं के लिए सरकारी सेवाओं में 30 प्रतिशत आरक्षण लागू है और महिलाओं की सुरक्षा व अधिकारों की रक्षा के लिए समान नागरिक संहिता लागू करने वाला उत्तराखंड देश का पहला राज्य बना है।

कार्यक्रम में उपाध्यक्ष राज्य स्तरीय महिला उद्यमिता परिषद विनोद उनियाल, वीरेंद्र सेमवाल, गंगा बिष्ट, कर्नल डी.पी. डिमरी (से नि), मधु भट्ट, गीता खन्ना, नीरज सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
video
play-sharp-fill

Most Popular

Recent Comments