Saturday, March 7, 2026
Homeराज्यउत्तराखण्डचयनित शिक्षकों को नियुक्ति पत्र जारी करने पर लगाई रोक, शिक्षा निदेशक...

चयनित शिक्षकों को नियुक्ति पत्र जारी करने पर लगाई रोक, शिक्षा निदेशक ने जारी किया निर्देश

प्रदेश में सरकारी बेसिक स्कूलों के 2287 शिक्षकों के पदों पर चल रही भर्ती में शिक्षा निदेशालय ने उन उम्मीदवारों के नियुक्ति पत्रों पर रोक लगा दी जो जनवरी वर्ष 2012 से जून 2018 के केंद्रीय अध्यापक पात्रता परीक्षा प्रमाणपत्र के आधार पर चयन प्रक्रिया में शामिल हुए और जिनका चयन बीएड वर्ष की ज्येष्ठता एवं शैक्षिक गुणांकों की श्रेष्ठता के आधार पर हुआ है। शिक्षा निदेशक आरके उनियाल ने समस्त जिला शिक्षा अधिकारियों को इस संबंध में निर्देश जारी किया है।

प्रदेश के सरकारी बेसिक स्कूलों में शिक्षकों की भर्ती की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन इस भर्ती में ऐसे बीएड उम्मीदवार भी शामिल हैं जिसने जनवरी वर्ष 2012 से जून 2018 तक बीएड के आधार पर सीटीईटी किया है। इस मामले में उमेश कुमारी एवं अन्य के हाईकोर्ट में याचिका दाखिल करने पर हाईकोर्ट ने 23 अक्तूबर 2021 को शिक्षा निदेशालय को आदेश दिया कि याचिकाकर्ताओं के आवेदन को निस्तारित किया जाए।

शिक्षा निदेशक आरके उनियाल की ओर से जारी निर्देश में कहा गया है कि याची उमेश कुमारी एवं सात अन्य अपना पक्ष प्रस्तुत करने के लिए शिक्षा निदेशालय में 20 नवंबर 2021 को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हुए। प्रकरण में याचिकाकर्ताओं को सुना गया। उनकी ओर से बताया गया कि राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद द्वारा केन्द्रीय अध्यापक पात्रता परीक्षा में शामिल होने के लिए तय व्यवस्था के अनुसार वर्ष 2012 से 2018 के बीच केन्द्रीय अध्यापक पात्रता परीक्षा प्रथम प्रमाणपत्र के लिए बीएड प्रशिक्षण मान्य नहीं था। इसके बावजूद इस तरह के उम्मीदवार शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में शामिल हैं।

शिक्षा निदेशक ने कहा कि मामले में समस्त जिला शिक्षा अधिकारी, प्रारंभिक शिक्षा को निर्देशित किया गया है कि जनपदों के राजकीय प्राथमिक स्कूलों में सहायक अध्यापक, प्राथमिक के खाली पदों को भरने के लिए चल रही शिक्षक भर्ती चयन प्रक्रिया में वर्ष जनवरी, 2012 से जून 2018 के बीच केन्द्रीय अध्यापक पात्रता परीक्षा-प्रथम उत्तीर्ण प्रमाणपत्रों के आधार पर चयन प्रक्रिया में शामिल ऐसे उम्मीदवार जिनका चयन बीएड वर्ष की ज्येष्ठता एवं शैक्षिक गुणांकों की श्रेष्ठता के आधार पर होता है, तो ऐसे उम्मीदवारों के नियुक्ति पत्र जारी न करते हुए इनका लिफाफा बंद किया जाए। शिक्षा निदेशक ने निर्देश में यह भी कहा कि ऐसे उम्मीदवारों का चयन हाईकोर्ट में अन्य याचिकाओं में पारित होने वाले अंतिम निर्णय के अधीन रहेगा।

शिक्षक भर्ती प्रक्रिया चल रही है, बीएड के आधार पर जनवरी 2012 से जून 2018 के बीच केन्द्रीय अध्यापक पात्रता परीक्षा पास करने वाले उम्मीदवारों का यदि इसमें चयन हुआ है तो उन्हें नियुक्ति पत्र जारी नहीं किए जाएंगे।
– आरके उनियाल शिक्षा निदेशक

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
video
play-sharp-fill

Most Popular

Recent Comments