देहरादून। दीपावली के दिन देहरादून की एटीएस कॉलोनी में पटाखा जलाने को लेकर दो पक्षों में हुए मामूली विवाद के दौरान एक पक्ष द्वारा शस्त्र लहराने की घटना सामने आई। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी सविन बंसल ने त्वरित संज्ञान में कार्रवाई करते हुए शस्त्र जब्त कर लाइसेंस निलंबित कर दिया है। साथ ही, लाइसेंस निरस्तीकरण की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है।
डीएम बोले – कानून से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
जिलाधिकारी सविन बंसल ने कहा कि “कानून से खिलवाड़ जिले में किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। इस तरह का कृत्य करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।” उन्होंने स्पष्ट किया कि शस्त्र लाइसेंस एक जिम्मेदारी के साथ दिया जाता है, और यदि कोई धारक शर्तों का उल्लंघन करता है, तो उसका लाइसेंस रद्द किया जाएगा।
घटना का विवरण
रायपुर थाना क्षेत्रान्तर्गत एटीएस कॉलोनी में 19 अक्टूबर 2025 को दो पक्षों में पटाखा जलाने को लेकर विवाद हुआ था। विवाद के दौरान पुनीत अग्रवाल पुत्र मदन मोहन अग्रवाल, निवासी 144-एल, एटीएस कॉलोनी, निकट आईटी पार्क, देहरादून ने अपने लाइसेंसी शस्त्र का प्रदर्शन किया।
इस घटना की रिपोर्ट थाना प्रभारी रायपुर के माध्यम से उपनिरीक्षक चौकी प्रभारी मयूर विहार द्वारा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को प्रेषित की गई। रिपोर्ट में उल्लेख किया गया कि दोनों पक्षों का चालान धारा 126/135 बीएनएसएस के तहत न्यायालय को भेजा गया है।
शर्तों का उल्लंघन और शस्त्र जब्ती
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट में बताया गया कि मामूली विवाद के दौरान शस्त्र का प्रदर्शन लाइसेंस की शर्तों का गंभीर उल्लंघन है और भविष्य में इसके दुरुपयोग की प्रबल संभावना है। इसी आधार पर जिलाधिकारी ने तत्काल प्रभाव से शस्त्र जब्त कर लाइसेंस निलंबित करने का आदेश जारी किया।
साथ ही, डीएम ने लाइसेंस संख्या 597/थाना रायपुर, यूआईएन नं. 335601004165002023 के निरस्तीकरण की कार्यवाही प्रारंभ कर दी है।
दोनों पक्षों को किया गया तलब
घटना के बाद जिलाधिकारी ने दोनों पक्षों को व्यक्तिगत रूप से स्पष्टीकरण के लिए तलब किया है। अधिकारियों ने बताया कि प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऐसे मामलों में “शून्य सहनशीलता” की नीति अपनाएगा।

