Sunday, March 8, 2026
Homeदेहरादूनउत्तराखंडः पहला आध्यात्मिक इको जोन बनेगा विश्व प्रसिद्ध जागेश्वर धाम

उत्तराखंडः पहला आध्यात्मिक इको जोन बनेगा विश्व प्रसिद्ध जागेश्वर धाम

जागेश्वर धाम


देहरादून। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सुझाव को अमली जामा पहनाते हुए प्रदेश सरकार उत्तराखंड में देश का पहला स्प्रिचुअल इको जोन बनाने जा रही है। इसके लिए विश्व प्रसिद्ध जागेश्वर धाम को चुना गया है।
सरकार की योजना के मुताबिक इस आध्यात्मिक धार्मिक नगरी के 10 किलोमीटर के दायरे में यह विशेष जोन विकसित किया जाएगा। आध्यात्मिक विकास के लिए प्रदेश सरकार अपनी ओर से रियायतें भी घोषित करेगी। इन रियायतों और अन्य औपचारिकताओं को शासन स्तर पर होने वाली एक उच्च स्तरीय बैठक में अंतिम रूप दिया जाएगा।

देहरादून में ही इंवेस्टर समिट के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्प्रिचुअल इको जोन के बारे में बात की थी। पीएम ने कहा था कि उत्तराखंड में इस तरह के केंद्र विकसित किए जाने चाहिए, जो विश्व को आध्यात्मिक ऊर्जा दे सकें और आध्यात्मिकता के केंद्र बन सकें ।
योग, ध्यान, पंचकर्मा, वेलनेस को मिलेगा बढ़ावा
पीएम मोदी के इसी सुझाव को अब प्रदेश सरकार अमली जामा पहनाने जा रही है। उद्योग विभाग ने उत्तराखंड और देश का पहला आध्यात्मिक इको जोन बनाने के लिए अल्मोड़ा जिले के जागेश्वर धाम का चयन किया है।

जागेश्वर मंदिर समूह के 10 किलोमीटर क्षेत्र को आध्यात्मिक इको जोन के दायरे में लाने का खाका तैयार किया जा रहा है। जहां पर आध्यात्मिक गतिविधियों के साथ योग, ध्यान, पंचकर्मा, वेलनेस को बढ़ावा दिया जाएगा।
क्या है स्प्रिचुअल इको जोन
सामान्य रूप से सरकार जब किसी स्पेशल इको या इकोनॉमिक जोन की घोषणा करती है तो उस स्थान विशेष में विशेष गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए कायदे कानून, रियायत आदि की घोषणा भी करती है।

स्प्रिचुअल इको जोन में आध्यात्मिक गतिविधियों के विकास के लिए विशेष सुविधाओं के विकास पर ध्यान दिया जाएगा। यहां आध्यात्मिक चिंतन मनन से लेकर ध्यान और अन्य आध्यात्मिक गतिविधियों को बढ़ावा दिया जाएगा।
यह है विशेषता
जागेश्वर धाम को 12 ज्योर्तिलिंगों में एक माना जाता है। यहां पर छोटे व बड़े करीब 125 मंदिरों का समूह है। जागेश्वर मंदिरों का निर्माण कत्यूरी राजाओं ने करवाया था। पहाड़ियों के बीच स्थापित जागेश्वर धाम बेहद खूबसूरत है।

प्रदेश में स्प्रिचुअल इको जोन बनाने की योजना है। इसके लिए प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। जल्द ही शासन की उच्च स्तरीय बैठक में इसका प्रस्तुतीकरण दिया जाएगा।

  • मनीषा पंवार, प्रमुख सचिव, उद्योग विभाग
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
video
play-sharp-fill

Most Popular

Recent Comments