Sunday, March 8, 2026
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ऊधमसिंहनगर जिले में बांस के उत्‍पादों से 1200 महिलाओं को मिलेगा रोजगार

नैनीताल। बांस और घास से बनी वस्तुएं महिलाओं के लिए रोजगार के अवसर प्रदान कर रही हैं। इन्हें बस जरूरत थी तो सिर्फ प्रोत्साहन और सहयोग की। जिसे जिले के ग्रामीण विकास विभाग पूरा कर रहा है। महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए कामन फेसीलेटर सेंटर बनाया जा रहा है। इसके लिए करीब दो करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। महिलाएं बांस और मूज से विभिन्न प्रकार के उत्पाद तैयार करेंगी। योजना से करीब 1200 महिलाओं को रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया है।

राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के श्यामा प्रसाद मुखर्जी रुर्बन मिशन के अंतर्गत महिलाओं को स्वरोजगार एवं रोजगार देने की योजना चल रही है। इसके अंतर्गत ऊधम सिंह नगर के खटीमा ब्लाक में तीन कामन फेसिलेटर बनाए जाएंगे। इसमें भूरा कृष्णि, गुड़िया थारू एवं सैमल गांव में भवन निर्माण कराया जा रहा है। इसके लिए शासन की ओर से एक करोड़ 80 लाख रुपये मिले हैं। जिसमें एक करोड़ 28 लाख रुपये अवमुक्त भी हो चुके हैं। इन तीनों भवन में महिलाएं बांस और मूज घास से कुर्सी, टेबल, सजावटी सामान, टोकरी सहित करीब एक दर्जन से अधिक वस्तुएं बनाएंगी। जिन महिलाओं को प्रशिक्षण की आवश्यकता होगी, उन्हें प्रशिक्षण दिया जाएगा। बांस और मूज से तैयार वस्तुओं को खुला बाजार, आर्डर, आनलाइन मार्केट, एनआरएलएम की साइट पर विक्री होगी। इससे मिलने वाले लाभ का उपभोग महिलाएं कर सकेंगी। आस पास के करीब 10 से 12 गांव की महिलाओं को इसका लाभ मिलेगा। 

महिलाओं की मदद को लगेगी मशीन

महिलाओं की मदद के लिए और काम में तेजी लाने के लिए दो मशीन लगाए जाएंगे। इसमें रूट मशीन बांस की फंटियों को मोड़ने के लिए तथा डाइन प्लांट विभिन्न प्रकार के डिजाइन, कलर डिजाइन बांस एवं के लिए करेगा। टोकरी, डलिया, पाट, डरूटबिन, डोर मैट, बाक्स, बैग, पर्स, डलिया, कुर्सी, टेबल, डमरू टेबल, सजावटी सामान, पंखा आदि। 

यह रहेगा बिक्री का माध्यम 

विभिन्न कार्यक्रमों में अतिथियों को सम्मानित करने के लिए बैग का आर्डर, खुला बाजार, एनआरएलएम की आनलाइन मार्केट, मेले में स्टाल आदि। हिमांशु जोशी, परियोजना निदेशक, डीआरडीए, यूएस नगर ने बताया कि तीन सीएफसी का निर्माण कराया जा रहा है। यहां बांस और मूज से विभिन्न प्रकार की वस्तुएं तैयार की जाएगी। इससे महिलाओं को रोजगार मिलेगा। साथ ही हुनर भी आएगा। कुशल प्रशिक्षकों की ओर से ट्रेनिंग भी दी जाएगी। इसके लिए टेंडर कर दिया गया है। आर्टिजन आएंगे, जो महिलाओं को विभिन्न प्रकार के डिजाइइन, कलर आदि का प्रशिक्षण देंगे। 

 

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