Saturday, April 25, 2026
Homeराज्यउत्तराखण्डपांच दिनों से चंपावत में बंद नेशनल हाईवे से दूध,सब्जी और राशन...

पांच दिनों से चंपावत में बंद नेशनल हाईवे से दूध,सब्जी और राशन की किल्ल्त

उत्तराखंड के चंपावत जिले में करीब पांच दिन से एनएच बंद होने के कारण चम्पावत में फल, सब्जी, ईंधन, राशन से लेकर दूध तक का कारोबार प्रभावित होने लगा है। इससे आम जनता ही नहीं व्यापारी भी बेहाल हो चुके हैं। एक-दो दिन के भीतर हाईवे नहीं खुलने पर व्यापारी दुकानों में राशन के दामों में भी बढ़ोतरी की संभावना जता रहे हैं। दरअसल, चम्पावत के स्वाला में तीन सौ मीटर पहाड़ी दरकने के कारण पिछले चार-दिन से बंद हाईवे को खोलने का कार्य चल रहा था। रविवार को भारतोली में विधायक और अभियंता के बीच विवाद के बाद ऑलवेदर रोड की कंपनियों और एनएच के अभियंताओं ने हाईवे खोलने का कार्य ठप कर दिया।

इसके चलते चम्पावत के पंपों में सोमवार शाम ही पेट्रोल-डीजल खत्म हो गया था। चम्पावत के छतार स्थित पंप पर ही पेट्रोल मिल रहा है। वहां पर भी दोपहिया वाहनों में अधिकतम सौ रुपये जबकि चौपहिया वाहनों में पांच सौ रुपये तक का ही पेट्रोल दिया जा रहा है, जोकि नाकाफी साबित हो सकता है। उधर, लोहाघाट के तीन में से एक पंप में ईंधन खत्म हो चुका है। इसके अलावा जिले में प्रमुख खाद्य सामग्री, भवन निर्माण सामग्री समेत अन्य वस्तुओं का टोटा होने लगा है। चम्पावत के प्रमुख सब्जी व्यापारी कैलाश अधिकारी ने बताया कि पूर्व में वह पीलीभीत मंडी से सब्जियां मंगा रहे थे। पीलीभीत से चम्पावत तक एक पिकअप का भाड़ा करीब चार हजार रुपये होता था।

अब सब्जी हल्द्वानी होते हुए मंगाई जा रही है। उस रूट से एक पिकअप का भाड़ा करीब आठ हजार रुपये पहुंच रहा है। इससे सब्जी व्यवसाय पर काफी पर्क पड़ रहा है। इस दरमियान खासतौर पर टमाटर की कीमत में 20 रुपये की बढ़ोत्तरी हो चुकी है। अन्य सब्जियों के दाम भी बढ़ने लगे हैं। चम्पावत के प्रमुख कारोबारी कमल राय ने बताया कि उनके प्रतिष्ठान में कम से कम एक सप्ताह के लिए जरूरी राशन हमेशा स्टोर रहता है। यदि दो-तीन दिन के भीतर हाईवे नहीं खुला तो चम्पावत के दुकानों में राशन की सप्लाई भी गड़बड़ा सकती है।

35 सौ लीटर दूध खराब
दुग्धसंघ प्रबंधक राजेश मेहता ने बताया कि यहां से हर रोज करीब 10 हजार लीटर दूध लालकुआं भेजा जाता है। पूर्व में दूध का टैंकर टनकपुर होते हुए लालकुआं जाता था। लेकिन हाईवे बंद होने के कारण अब दूध का टैंकर देवीधुरा होते हुए भेजा जा रहा है। इसके चलते ट्रांसपोर्टेशन भाड़ा एक रुपया प्रति लीटर बढ़ गया है। बीते दो-तीन दिन के भीतर दुग्धसंघ में करीब 20 हजार लीटर दूध स्टोर हो चुका है। इसके अलावा करीब 35 सौ लीटर दूध खराब हो चुका है। दूध ढुलान के लिए मेरठ से एक टैंकर मंगाया गया है। यदि मेरठ से टैंकर समय पर नहीं पहुंचता है तो दुग्धसंघ दूध का कलेक्शन बंद कर देगा।

भवन निर्माण सामग्री खत्म
चार-पांच दिन से हाईवे बंद होने के कारण चम्पावत में ईंट, रेता, सरिया आदि भवन सामग्री खत्म हो चुकी है। प्रमुख व्यापारी प्रकाश पांडेय ने बताया कि हाईवे बंद होने के कारण मैदानी क्षेत्रों से भवन सामग्री की सप्लाई ठप पड़ी है। बताया कि उनके पास मौजूद स्टॉक भी खत्म हो चुका है। ग्राहकों को बैरंग लौटना पड़ रहा है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
video
play-sharp-fill

Most Popular

Recent Comments