प्रदेश में जनगणना के पहले चरण के तहत मकानों की गणना के लिए शुक्रवार से स्वगणना प्रक्रिया शुरू हो गई है। अब आम नागरिक घर बैठे ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं।
राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि.) ने इस अभियान की औपचारिक शुरुआत की, जबकि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी शुक्रवार शाम स्वगणना करेंगे।
जनगणना निदेशालय के अनुसार, 10 अप्रैल से 25 अप्रैल तक भवन स्वगणना का अवसर दिया गया है। इसके लिए नागरिकों को आधिकारिक पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर 33 सवालों के जवाब भरने होंगे। प्रक्रिया पूरी होने के बाद एक एसई (SE) आईडी जारी की जाएगी।
जब 25 अप्रैल से 24 मई के बीच प्रगणक घर-घर पहुंचेंगे, तब नागरिकों को यह आईडी दिखानी होगी। इसके माध्यम से प्रगणक डेटा को अपने सिस्टम में दर्ज कर मौके पर ही सत्यापन और अंतिम एंट्री करेंगे। निदेशक जनगणना इवा आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि यह व्यवस्था प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और सरल बनाएगी।
क्या-क्या जानकारी देनी होगी?
स्वगणना के दौरान नागरिकों को कुल 33 बिंदुओं पर जानकारी देनी होगी। इनमें मकान की संरचना (फर्श, दीवार, छत), उपयोग और स्थिति, परिवार के सदस्यों की संख्या, पेयजल व बिजली की सुविधा, शौचालय, इंटरनेट, वाहन, ईंधन और मोबाइल नंबर जैसी जरूरी जानकारियां शामिल हैं।
सरकार ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे निर्धारित समय के भीतर स्वगणना पूरी कर इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।

